बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन पहली बार पश्चिमी उत्तर प्रदेश के दौरे पर आ रहे हैं। वे मेरठ और सहारनपुर में बैठकें कर 71 सीटों और 4800 शक्ति केंद्रों के संगठन की मजबूती का जायजा लेंगे।
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन (फाइल फोटो)
- Published: 17 Sep 2026, 12:42 PM IST
- Last Updated: 17 Sep 2026, 12:42 PM IST
मेरठ : भारतीय जनता पार्टी ने 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों को अभी से धार देना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन पहली बार पश्चिमी उत्तर प्रदेश के संगठनात्मक दौरे पर आ रहे हैं। वे मेरठ और सहारनपुर में डेरा डालकर स्थानीय पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ मैराथन बैठकें करेंगे। इस दौरे का मुख्य केंद्र वेस्ट यूपी की 71 विधानसभा सीटें और बूथ स्तर तक संगठन को सक्रिय करना है।
4800 शक्ति केंद्रों की होगी सघन समीक्षा
रणनीति के तहत पश्चिमी यूपी के करीब 4,800 शक्ति केंद्रों की कार्यप्रणाली का मूल्यांकन किया जाएगा। पार्टी ने छह से आठ बूथों को मिलाकर एक शक्ति केंद्र गठित किया है, जिसके संयोजक स्थानीय स्तर पर मतदाताओं और संगठन के बीच सेतु का काम करते हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे के दौरान बूथ, शक्ति केंद्र, मंडल और जिला स्तर के पदाधिकारियों की सक्रियता, पिछले चुनावों के आंकड़े और जमीनी चुनौतियों पर सीधे फीडबैक लिया जाएगा।
मेरठ और सहारनपुर से चुनावी शंखनाद
बीजेपी पारंपरिक रूप से पश्चिमी यूपी में बड़े चुनावी अभियानों का आगाज संगठनात्मक कार्यक्रमों से ही करती रही है। हाल ही में सहारनपुर में शक्ति केंद्र संयोजकों का सम्मेलन और मेरठ में जिला व महानगर अध्यक्षों की विशेष कार्यशाला आयोजित की जा चुकी है। अब राष्ट्रीय अध्यक्ष खुद दोनों प्रमुख केंद्रों पर पहुंचकर कार्यकर्ताओं के साथ संवाद करेंगे और चुनावी नेटवर्क को पूरी क्षमता के साथ मैदान में उतारने का निर्देश देंगे।
पुराने कार्यकर्ताओं को सम्मान, जमीनी जुड़ाव पर जोर
पार्टी नेतृत्व का विशेष ध्यान संगठन के पुराने और अनुभवी कार्यकर्ताओं को पुनः मुख्यधारा में जोड़ने पर है। इसके लिए स्थानीय इकाइयों को पुराने निष्ठावान कार्यकर्ताओं से संपर्क साधने और उनका मान-सम्मान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। स्वागत कार्यक्रमों के साथ-साथ नितिन नवीन की बैठकों का मुख्य एजेंडा पश्चिमी उत्तर प्रदेश की 71 सीटों पर सामाजिक समीकरणों को साधना और पार्टी के विजय अभियान का मजबूत ढांचा तैयार करना है।