फरीदाबाद50 मिनट पहलेलेखक: रुषतम जाखड़
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हरियाणा के मोस्ट वांटेड गैंगस्टर नीरज फरीदपुरिया को अमेरिका में गिरफ्तार किया गया है। नीरज पर दिल्ली-NCR और हरियाणा में 51 आपराधिक मामले दर्ज हैं। अकेले फरीदाबाद में ही 27 केस दर्ज है, जिनमें से 12 मामलों में वांटेड है।
नीरज के गांव फरीदपुर में लोग उसकी गिरफ्तारी की चर्चा कर रहे हैं, मगर पूछने पर कुछ भी बताने से इनकार कर दिया। नीरज के 4 मंजिला घर पर भी ताला लगा हुआ है। ट्रांसपोर्टर पिता परिवार के साथ किसी दूसरी जगह शिफ्ट हो गए हैं।
एक ग्रामीण ने कैमरा बंद करने की शर्त पर बताया कि नीरज का पहला झगड़ा 2007 में हुआ था, तब उसकी उम्र 15 साल के आसपास रही होगी। उसने पूर्व सरपंच से कूड़ा डालने के विवाद में गोली चला दी थी। इसके बाद उसके कई झगड़े हुए। इसके बाद से ही परिवार और रिश्तेदारों ने भी दूरी बना ली।
जेल में दूसरे गैंग से संपर्क हुआ। 2019 में उसका नाम कांग्रेस नेता विकास चौधरी की हत्या में भी आया। 2019 में हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद वह विदेश भाग गया। अब 22 अक्टूबर को अमेरिका के लॉस वेगास में उसे स्थानीय पुलिस ने अरेस्ट कर लिया। नीरज के बारे में फरीदपुर के ग्रामीणों ने क्या बताया, पढ़िए पूरी रिपोर्ट…..

नीरज के गांव फरीदपुर में उसके घर के बाहर की गली।
पूर्व सरपंच से झगड़े में पहली बार गोली चलाई
नीरज का पहला झगड़ा 2007 में हुआ। पूर्व सरपंच दयानंद से नाली में कूड़ा डालने को लेकर विवाद हुआ था। इस दौरान उसने अवैध हथियार से गोली चलाई। मामले में नीरज को जेल हुई, हालांकि बाद में परिवार में सुलह हुई और मामला निपट गया।
जेल में रहने के दौरान उसका कई बदमाशों से संपर्क हुआ। 2012 में दीपक नाम के युवक की हत्या हुई थी। इसमें भी नीरज का नाम सामने आया। मामले में उसे 2015 में उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी। बताया जा रहा है कि यहां उसकी मुलाकात कौशल चौधरी के गुर्गों से हुई, जिसके बाद बंबीहा गैंग से जुड़ा गया। बाद में 2019 में पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत पर जेल से बाहर आया।
कांग्रेस नेता का मर्डर, शूटरों को हथियार दिए
26 जून 2019 को फरीदाबाद में कांग्रेस के तत्कालीन प्रदेश प्रवक्ता विकास चौधरी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इसमें भी नीरज का नाम सामने आया। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, नीरज पर शूटरों और हथियारों का इंतजाम करने का आरोप है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, इसके बाद वह विदेश भाग गया। बताया जाता है कि उसने कथित तौर पर फर्जी पासपोर्ट का इस्तेमाल किया। वह पहले दुबई और फिर कनाडा पहुंचा। इसके बाद यहां से अमेरिका गया।

ताई पार्वती देवी ने बताया कि जमीन के विवाद के बाद उन्होंने नीरज के परिवार से दूरी बना ली।
पिता ट्रांसपोर्टर, बेटा गैंगस्टर बना तो गांव छोड़ा
नीरज के पिता महेश (63) ट्रांसपोर्ट का काम करते थे। नीरज की क्राइम एक्टिविटीज बढ़ने से उनके कारोबार पर भी असर पड़ा। ग्रामीणों के अनुसार, नीरज के पिता उसकी बहन की शादी के बाद गांव छोड़कर चले गए। अभी ग्रामीणों को उनके ठिकाने की भी जानकारी नहीं है।
नीरज का एक बड़ा और एक छोटा भाई है। वहीं, उसकी बहन की शादी करीब चार पहले हुई थी। नीरज की अभी तक शादी नहीं हुई है। परिवार के गांव छोड़ने के बाद से ही उनका चार मंजिला मकान खाली पड़ा है। नीरज के पिता के चारों भाई गांव में ही रहते हैं।
जमीन विवाद के बाद परिवार ने भी बनाई दूरी
नीरज की ताई पार्वती देवी के मुताबिक, जमीनी विवाद को लेकर पूर्व सरपंच दयाचंद से उसका झगड़ा हुआ था। बाद में नीरज की हरकतों के देखते हुए परिवार ने भी उससे दूरी बनानी शुरू कर दी। गांव में उसे लोग धीरू कहते थे।

नीरज का परिवार करीब चार साल पहले ही गांव छोड़कर चला गया था, उससे पहले फैमिली इसी घर में रहती थी।
पुलिस ने 2020 में हिस्ट्रीशीटर घोषित किया
फरीदाबाद पुलिस सूत्रों के मुताबिक, नीरज को 17 जुलाई 2020 को हिस्ट्रीशीटर घोषित किया गया था। वह बीपीटीपी थाना क्षेत्र के गैंग नंबर-7 से जुड़ा रहा है। फरीदाबाद में उसके खिलाफ 27 मुकदमे दर्ज हैं और 12 मामलों में पुलिस को उसकी तलाश है। छांयसा, सेंट्रल, सेक्टर-8, सदर, आदर्शनगर और बल्लभगढ़ थानों में उसके खिलाफ मामले दर्ज हैं।
इसके अलावा गुरुग्राम, करनाल और पलवल में भी उस पर मुकदमे दर्ज हैं। पलवल के सदर, कैंप, होडल और हसनपुर थानों में भी उसके खिलाफ मामले दर्ज बताए गए हैं। हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, रंगदारी, अवैध हथियार रखने, फायरिंग और मारपीट समेत कुल 51 आपराधिक मामलों में उसका नाम सामने आया है।
ACP बोले- अमेरिका में हिरासत में लिया
फरीदाबाद पुलिस पहले ही नीरज के प्रत्यर्पण के लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय को सिफारिश भेज चुकी थी। एसीपी क्राइम वरुण दहिया के मुताबिक, पुलिस को अमेरिका में नीरज को हिरासत में लिए जाने की सूचना मिली है। अन्य जानकारियां जुटाई जा रही हैं। उसे भारत लाने की प्रक्रिया पर अब नजर है।
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