Updated On: Jul 14, 2026 | 10:31 AM IST
विज्ञापन
सार
Mumbai Local Train: टिटवाला-सीएसएमटी एसी लोकल ट्रेन का एसी फेल होने से डिब्बों में भीषण घुटन। तीन यात्रियों की बिगड़ी तबीयत, मध्य रेलवे ने रेक को जांच के लिए कुर्ला कारशेड भेजा।

मुंबई AC लोकल ट्रेन (सोर्स-सोशल मीडिया)
विस्तार
Mumbai AC Local Train AC Failure: खचाखच भरी टिटवाला-सीएसएमटी एसी लोकल में सोमवार सुबह एयर कंडीशनिंग सिस्टम अचानक ठप हो जाने से बंद डिब्बों में भीषण घुटन पैदा हो गई। उमस और ऑक्सीजन की कमी जैसी स्थिति के बीच तीन यात्रियों की तबीयत बिगड़ गई, जिनमें से एक को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा, जबकि दो यात्रियों को प्राथमिक उपचार के बाद राहत मिली। घटना से ट्रेन में अफरातफरी जैसी स्थिति पैदा हो गई थी। इस बीच यात्रियों ने एसी लोकल की आपातकालीन व्यवस्था पर भी जमकर सवाल उठाए।
मुंबई की उपनगरीय रेल सेवा को शत-प्रतिशत एसी बनाने के दावों के बीच इस घटना ने एसी लोकल में तकनीकी खराबी से निपटने वाली रेलवे की सुरक्षा तैयारियों और आपातकालीन प्रबंधन पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। सोमवार सुबह 8.33 बजे टिटवाला से रवाना हुई एसी लोकल के लगातार तीन डिब्बों का एसी सिस्टम यात्रा के दौरान बंद हो गया, जिससे बंद डिब्बों में घुटन और उमस बढ़ गई।
ट्रेन 9.38 बजे मुलुंड पहुंची, जहां राहत कार्य शुरू हुआ, लेकिन 9.54 बजे तक एसी चालू नहीं हो सका। इस दौरान महिला यात्री सुगंधा सिंह, राधिका गोटूवलेकर और फहीम अंसारी की तबीयत बिगड़ गई। दोनों महिला यात्रियों को प्राथमिक उपचार के बाद राहत मिली और उन्होंने आगे की यात्रा जारी रखी, जबकि फहीम अंसारी को अस्पताल भेजा गया, जहां उपचार के बाद उन्हें 11।30 बजे छुट्टी दे दी गई। बाद में रेक को कुर्ला कारशेड भेजकर सेवा से हटा लिया गया, जिसके चलते सुबह की बाद की एसी सेवाएं नॉन-एसी रेक से चलानी पड़ीं।
सम्बंधित ख़बरें
एसी लोकल की तकनीकी जांच शुरू
मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी डॉ. स्वप्निल नीला ने बताया कि संबंधित लोकल के डिब्बों में एयर कंडीशनिंग सिस्टम में तकनीकी खराबी आई थी। खराबी के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए ट्रेन को कुर्ला कारशेड भेजा गया है और मामले की जांच जारी है।
दरवाजे खोलकर कुर्ला तक पहुंचाई गई ट्रेन
एसी व्यवस्था बहाल किए बिना ही एसी लोकल के दरवाजे खोलकर उसे कुर्ला तक ले जाया गया। वहां रेक को सेवा से हटाकर तकनीकी जांच और मरम्मत के लिए कारशेड भेज दिया गया, घटना के बाद दिनभर की सभी निर्धारित एसी सेवाएं रद्द करनी पड़ीं और उनकी जगह नॉन-एसी लोकल चलाई गई। सीएसएमटी-कुर्ता के बीच एक एसी फेरा भी रद्द रहा, जबकि रात की सेवाओं के लिए वैकल्पिक एसी रेक उपलब्ध कराया गया।
यह भी पढ़ें:- अनुराधा पौडवाल का सरकार पर निशाना: ‘राम मंदिर में दान चोरी हुई, ऐसे भारत विश्वगुरु कैसे बनेगा?’
एसी लोकल कितनी सुरक्षित ?
मुंबई शहर की उपनगरीय रेल सेवा को चरणबद्ध तरीके से शत-प्रतिशत एसी बनाने की योजना के बीच सोमवार की घटना ने सुरक्षा तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यात्री संगठनों का कहना है कि बंद डिब्बे में एसी बंद होने जैसी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रत्येक एसी लोकल में स्पष्ट स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर होना चाहिए।
साथ ही यात्रियों को यह जानकारी भी उपलब्ध कराई जानी चाहिए कि ऐसी स्थिति में किससे संपर्क करें और क्या सावधानियां बरते। उनका मानना है कि पर्याप्त तैयारी नहीं होने पर भविष्य में ऐसी घटनाएं बड़े हादसे का रूप ले सकती है।
महासंघ लता अरगड़े ने बाताया की मुंबई की लोकल सेवा को शत प्रतिशत एसी बनाने से पहले रेलवे को आपातकालीन व्यवस्था पूरी तरह मजबूत करनी होगी। बंद एसी डिब्बे में तकनीकी खराबी यात्रियों की जान जोखिम में डाल सकती है। इसलिए तत्काल सहायता, स्पष्ट एसओपी और यात्रियों के लिए दिशा-निर्देश अनिवार्य है, अन्यथा भविष्य में किसी बड़े हादसे की जिम्मेदारी रेलवे प्रशासन की होगी।
रेल यात्री परिषद अध्यक्ष सुभाष गुप्ता ने बाताया की यह बेहद गंभीर घटना है। एसी लोकल में एयर पर कंडीशनिंग बंद होने पर कुछ ही मिनटों में यात्रियों की जान खतरे में पड़ सकती है। इसलिए मेल एक्सप्रेस ट्रेनों की तरह एसी लोकल में भी विशेष तकनीकी दल उपलब्ध होना चाहिए। खराबी होते ही तत्काल हस्तक्षेप कर यात्रियों को सहायता देने की प्रभावी व्यवस्था रेलवे को करनी चाहिए। अन्यथा भविष्य में इसके गंभीर परिणाम सामने आ सकते हैं।
