Bareilly Barish:बरेली में जलभराव ने शहर की व्यवस्था की पोल खोल दी है। लगातार 2 दिन से हो रही तेज बारिश के बाद कई सड़कों पर पानी भर गया। सरकारी ऑफिस, कॉलोनियों और लोगों के घरों तक बारिश का पानी पहुंच गया। कई जगहों पर लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हालात देखकर शहर के ड्रेनेज सिस्टम पर सवाल उठने लगे हैं और लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

पार्षद ने सड़क पर चलाई नाव

बरेली (Bareilly) में जलभराव की गंभीर स्थिति के बीच निर्दलीय पार्षद जयप्रकाश राजपूत ने जलभराव वाली सड़क पर नाव चलाकर प्रशासन का ध्यान खींचा। पार्षद ने नाव से प्रभावित इलाकों का जायजा लिया और नगर निगम की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई। उनका कहना है कि जिस बरेली को Smart City के रूप में विकसित करने की बात कही जाती है, वहां 2 दिन की बारिश में ही सड़कों पर पानी भर गया। इससे लोगों की परेशानी साफ दिखाई दे रही है।

गल्ला मंडी में 2 फीट से ज्यादा पानी

बरेली गल्ला मंडी में जलभराव देखने को मिला। मंडी परिसर में 2 फीट से ज्यादा पानी जमा होने की बात सामने आई है। यहां चारों तरफ पानी भरने से व्यापारियों और मंडी आने वाले लोगों को परेशानी हुई। कई जगहों पर जल निकासी का इंतजाम पर्याप्त नहीं दिखा। बारिश के कारण शहर के दूसरे इलाकों में भी स्थिति खराब रही और लोगों को अपने घरों से पानी निकालने के लिए खुद मशक्कत करनी पड़ी। कई परिवारों के घरों में भी पानी पहुंच गया।

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फायर ब्रिगेड परिसर में भी जमा रहा पानी

बरेली में जलभराव का असर फायर ब्रिगेड परिसर पर भी पड़ा। बताया गया कि यहां करीब दो दिन तक पानी जमा रहा। जब पानी निकालने के लिए पर्याप्त मदद नहीं मिली तो दमकल कर्मचारियों ने खुद पाइप लगाकर पानी बाहर निकालना शुरू किया। कर्मचारियों की कोशिश के बाद परिसर में जमा पानी को काफी हद तक बाहर निकाला गया। इस स्थिति ने नगर निगम की व्यवस्था और जल निकासी को लेकर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।

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नगर निगम की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल

बरेली में जलभराव को लेकर पार्षद जयप्रकाश राजपूत ने नगर निगम पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने नगर आयुक्त संजीव मौर्य पर आरोप लगाया कि विकास कार्यों से जुड़ी समस्याओं को सुनने के लिए उनके पास समय नहीं है। लगातार बारिश के बाद बने हालात ने बरेली की स्मार्ट सिटी योजनाओं और ड्रेनेज सिस्टम पर बहस तेज कर दी है। अब लोगों की नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई और राहत व्यवस्था पर है।

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