भोपाल में सीलिंग कार्रवाई के विरोध में कोलार व्यापारी महासंघ ने बुधवार को बाजार बंद का आह्वान किया है। कोलार तिराहे से गोल जोड़ तक दुकानें बंद रहेंगी और व्यापारी सड़क पर प्रदर्शन करेंगे। मेडिकल और पेट्रोल पंप जैसी जरूरी सेवाओं को छूट दी गई है।
भोपाल में सीलिंग के विरोध में कोलार बाजार बंद
- Published: 02 Sep 2026, 11:08 AM IST
- Last Updated: 02 Sep 2026, 11:08 AM IST
भोपाल: राजधानी में आवासीय क्षेत्रों में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ नगर निगम की सीलिंग कार्रवाई को लेकर व्यापारियों का विरोध तेज हो गया है। कोलार व्यापारी महासंघ ने बुधवार को बंद का आह्वान किया है। कोलार रोड के व्यापारी दुकानें बंद रखकर विरोध जताएंगे और सड़क पर उतरकर प्रदर्शन करेंगे।
कोलार तिराहे से गोल जोड़ तक दुकानें बंद
महासंघ ने कोलार तिराहे से गोल जोड़ तक सभी प्रतिष्ठान बंद रखने की अपील की है। हालांकि मेडिकल स्टोर, पेट्रोल पंप जैसी जरूरी सेवाओं को बंद से बाहर रखा गया है। महासंघ अध्यक्ष सुनील सिंह का कहना है कि सीलिंग की कार्रवाई से व्यापारी परेशान हैं और इसे गलत तरीके से किया जा रहा है। इसी के विरोध में बाजार बंद कर प्रदर्शन किया जाएगा।
इससे पहले मंगलवार को भी व्यापारियों ने थाली और मंजीरा बजाकर सीलिंग कार्रवाई का विरोध किया था। व्यापारियों का कहना है कि कार्रवाई से छोटे कारोबारियों का रोजगार प्रभावित हो रहा है।

तीसरे दिन भी निगम की कार्रवाई
दूसरी ओर नगर निगम की कार्रवाई भी जारी रहेगी। अब तक कुल 170 प्रतिष्ठान बंद कराए जा चुके हैं। सोमवार से शुरू हुए अभियान में शहर के कई रिहायशी इलाकों में दुकानों, होटल, जिम, कैफे और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई की गई है।
मंगलवार को भी कार्रवाई के विरोध में व्यापारी करीब चार घंटे तक रोशनपुरा चौराहे पर प्रदर्शन करते रहे। कुछ जगहों पर व्यापारियों और पुलिस के बीच तनाव की स्थिति भी बनी।
सुप्रीम कोर्ट में 15 सितंबर को सुनवाई
भोपाल में रिहायशी भवनों के व्यावसायिक इस्तेमाल और अवैध निर्माण से जुड़े मामले में सुप्रीम कोर्ट की अगली सुनवाई 15 सितंबर को होनी है। कोर्ट ने अगस्त में राज्य सरकार की ओर से गठित 10 सदस्यीय जांच समिति की कार्रवाई पर रोक लगाई थी और हाईकोर्ट से दुकानदारों को मिले राहत संबंधी आदेश भी निरस्त कर दिए थे।
नगर निगम को अपनी कार्रवाई की रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट में पेश करनी है। इसी वजह से नोटिस और सीलिंग अभियान तेज किया गया है।
मुख्य मार्गों से लेकर नदी-तालाब तक सर्वे
नगर निगम ने अब मुख्य मार्गों के दोनों ओर और उनसे जुड़ी गलियों में सर्वे शुरू किया है। नदी-तालाब किनारे, ग्रीन बेल्ट, बफर जोन और कैचमेंट एरिया में बने भवनों की भी प्राथमिकता से जांच की जाएगी। अवैध मैरिज गार्डन को भी नोटिस देने की तैयारी है। व्यापारियों का आरोप है कि कार्रवाई छोटे कारोबारियों पर ज्यादा हो रही है। वहीं निगम का अभियान सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत जारी है।