बिहार सरकार ने पाटलिपुत्र ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप विकास योजना 2047 फॉर्म को मंजूरी दे दी है, जिससे विशेष क्षेत्र में भूमि खरीद और हस्तांतरण पर लगी रोक हटा दी गई है। सरकारी गजट में प्रकाशन के बाद 60 दिनों की जन परामर्श अवधि शुरू हुई, जिसका उद्देश्य पारदर्शी प्रक्रियाओं और आधुनिक बुनियादी ढांचे के साथ नियोजित शहरी विकास को गति देना है।
By Oneindia Staff
Published: Saturday, August 1, 2026, 21:01 [IST]
बिहार सरकार ने पाटलिपुत्र ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप की विकास योजना-2047 (प्रारूप) को अधिसूचित कर दिया है। इसके साथ ही टाउनशिप के विशेष क्षेत्र में भूमि के क्रय-विक्रय एवं हस्तांतरण पर लगी रोक भी समाप्त कर दी गई है। यह निर्णय क्षेत्र के नियोजित शहरी विकास को गति देने और नागरिकों को पारदर्शी नियोजन व्यवस्था उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
नगर विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा ने बताया कि विकास आयुक्त-सह-अध्यक्ष, बिहार शहरी आयोजना एवं विकास बोर्ड की अध्यक्षता में 31 जुलाई 2026 को आयोजित बोर्ड की 14वीं बैठक में लिए गए निर्णय के आधार पर पाटलिपुत्र ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप के विशेष क्षेत्र के लिए विकास योजना-2047 (प्रारूप) को अधिसूचित किया गया है।
मंत्री ने बताया कि अधिसूचित प्रारूप का राजपत्र (गजट) में प्रकाशन कर दिया गया है। इसके बाद अगले 60 दिनों तक आमजन एवं संबंधित हितधारकों से आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित किए जाएंगे। प्राप्त सुझावों और आपत्तियों पर नियमानुसार विचार करने के बाद विकास योजना को अंतिम रूप दिया जाएगा।
भूमि खरीद-बिक्री पर लगी रोक समाप्त
उन्होंने कहा कि विकास योजना (प्रारूप) अधिसूचित होने के बाद पाटलिपुत्र ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप के विशेष क्षेत्र में भूमि के क्रय-विक्रय और हस्तांतरण पर लगाई गई रोक अधिसूचना जारी होने की तिथि से समाप्त कर दी गई है।
आधुनिक शहरी विकास का मॉडल बनेगी टाउनशिप
नीतीश मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के विकसित, आधुनिक और सुनियोजित बिहार के विजन को साकार करने की दिशा में पाटलिपुत्र ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप एक महत्वपूर्ण परियोजना है। यह परियोजना विश्वस्तरीय शहरी अवसंरचना, बेहतर कनेक्टिविटी, पर्यावरण-अनुकूल विकास और नागरिक-केंद्रित सुविधाओं के माध्यम से भविष्य की जरूरतों के अनुरूप एक सुव्यवस्थित, समावेशी और सतत शहरी विकास मॉडल स्थापित करेगी।
नियोजित विकास को मिलेगी रफ्तार
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य सुनियोजित, आधुनिक और सतत शहरी विकास को बढ़ावा देना है। विकास योजना-2047 (प्रारूप) की अधिसूचना से क्षेत्र के नियोजित विकास को नई गति मिलेगी और नागरिकों व निवेशकों को स्पष्ट एवं पारदर्शी नियोजन व्यवस्था का लाभ मिलेगा।