देहरादून में लगातार हो रही बारिश से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है और जाखन नदी में एक व्यक्ति के बहने की सूचना पर एसडीआरएफ की टीम रेस्क्यू में जुटी है। जिले के सात ग्रामीण मोटर मार्ग मलबा आने से फिलहाल यातायात के लिए बंद कर दिए गए हैं।
देहरादून, 5 अगस्त 2026 (दून हॉराइज़न)।
Dehradun Weather Update : बुधवार शाम 4 बजे डोईवाला क्षेत्र से एक गंभीर घटना सामने आई। लाल तप्पड़ बिजलीघर के ठीक पीछे उफान पर बह रही जाखन नदी में एक व्यक्ति तेज बहाव की चपेट में आ गया। स्थानीय लोगों ने व्यक्ति को पानी की लहरों में संघर्ष करते देखा। सूचना मिलते ही डोईवाला तहसील प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया।
देहरादून जिला आपातकालीन परिचालन केन्द्र ने पल भर की भी देरी किए बिना राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) और फायर ब्रिगेड की टीमों को घटनास्थल की ओर रवाना किया। गोताखोरों की टीम नदी के किनारों पर सघन तलाशी अभियान चला रही है। स्थानीय पुलिस भी मौके पर मौजूद रहकर रेस्क्यू ऑपरेशन की निगरानी कर रही है। नदी का बहाव तेज होने के कारण बचाव दल को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
राजधानी देहरादून के शहरी इलाकों में बारिश लोगों के लिए नई मुसीबत लेकर आई है। चंद्रबनी रोड पर स्थित महेश्वरी विहार में भारी जलभराव की स्थिति पैदा हो गई। सड़कों पर पानी जमा होने से दोपहिया और चौपहिया वाहनों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई। स्थानीय निवासियों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो चुका है।
जलभराव की सूचना जिला प्रशासन तक पहुंचते ही नगर निगम की टीमें महेश्वरी विहार पहुंच गईं। पानी की निकासी के लिए बड़े पंपिंग सेट स्थापित किए गए हैं। निगम के कर्मचारी बंद पड़ी नालियों से प्लास्टिक और कचरा निकालकर जल निकासी को सुचारू करने का लगातार प्रयास कर रहे हैं।
देहरादून जिले में 5 अगस्त को मौसम का मिजाज अलग-अलग तहसीलों में अलग-अलग रहा। सदर और डोईवाला तहसीलों के अधिकांश हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहा। जिले की बाकी तहसीलों में आसमान में दिन भर घने बादल छाए रहे और सूरज नहीं निकला।
जिले में शाम 4 बजे तक औसतन 5.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। विकासनगर क्षेत्र में बादलों ने सबसे ज्यादा कहर बरपाया और यहां 20.5 मिमी पानी बरसा। मसूरी, मोहकमपुर और जौलीग्रांट में महज 0.5 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। चकराता, कालसी, ऋषिकेश और मालदेवता जैसे क्षेत्रों से प्रशासन को बारिश का कोई नया डाटा प्राप्त नहीं हुआ है।
पर्वतीय इलाकों में हो रही बारिश का सीधा असर जिले से बहने वाली प्रमुख नदियों के जलस्तर पर पड़ रहा है। ऋषिकेश के त्रिवेणी घाट पर गंगा नदी का जलस्तर 339.04 मीटर पर पहुंच गया है। यहां चेतावनी का स्तर 339.50 मीटर और खतरे का निशान 340.50 मीटर तय किया गया है।
डाकपत्थर में यमुना नदी का बहाव भी तेज हो गया है और यह 454.60 मीटर पर बह रही है। इच्छाड़ी डैम पर टोन्स नदी का जलस्तर 644.30 मीटर रिकॉर्ड किया गया। प्रशासन ने नदी किनारों और घाटों पर रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश जारी कर दिए हैं।
देहरादून जिले में राष्ट्रीय और राज्य राजमार्ग फिलहाल यातायात के लिए पूरी तरह खुले हैं। ग्रामीण क्षेत्रों को जोड़ने वाले 7 मोटर मार्ग मलबा आने से पूरी तरह बाधित हो गए हैं। यातायात रुकने से ग्रामीण इलाकों में आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति पर असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है।
पीएमजीएसवाई कालसी के तहत आने वाले लाखामण्डल-नाडा, गास्कीगाड-गडोग, और ध्वैरा-देऊ मोटर मार्ग पहाड़ी से पत्थर गिरने के कारण बंद हैं। कोठा-बैण्ड से पंजिया और सैंज चन्देऊ मोटर मार्ग भी ठप हैं। सहिया क्षेत्र में शंभू की चौकी से पंजिया मार्ग और लांधा मातोगी मदरसू मार्ग को खोलने के लिए लोक निर्माण विभाग की भारी मशीनें लगातार काम कर रही हैं।
मानसून सीजन की शुरुआत यानी 15 जून 2026 से लेकर अब तक जिले में आपदा प्रबंधन टीमों ने 484 बंद रास्तों को सफलतापूर्वक खोला है। इस अवधि में पेयजल आपूर्ति बाधित होने की 22 शिकायतें मिली थीं, जिन्हें पूरी तरह सुलझा लिया गया है। शहर भर में जलभराव की 39 शिकायतों का भी नगर निगम द्वारा निस्तारण किया जा चुका है।
तेज हवाओं और बारिश के कारण शहर के विभिन्न हिस्सों में पेड़ गिरने की 30 घटनाएँ सामने आ चुकी हैं। नगर निगम देहरादून ने सर्वे कर शहर में 23 जर्जर भवनों की पहचान की है जो कभी भी गिर सकते हैं। जिलाधिकारी के सख्त निर्देशों के बाद इन असुरक्षित इमारतों को गिराने की भारी कार्रवाई शुरू हो चुकी है।
सुन्दरवाला, सपेरा बस्ती और मलीन बस्तियों को आपदा के लिहाज से अत्यधिक संवेदनशील श्रेणी में रखा गया है। नगर निगम के मुख्य नगर स्वास्थ्य अधिकारी अपनी विशेष टीम के साथ इन इलाकों में मौजूद हैं और पल-पल की निगरानी कर रहे हैं।
बुधवार को देहरादून का अधिकतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। जिला आपातकालीन परिचालन केन्द्र ने कलेक्ट्रेट स्थित कंट्रोल रूम को 24 घंटे सक्रिय कर दिया है। किसी भी आपात स्थिति के लिए आम नागरिक कंट्रोल रूम के नंबर 0135-2726066 या व्हाट्सएप हेल्पलाइन 7534826066 पर सीधे संपर्क कर सकते हैं।