इंदौर में मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर युवाओं का प्रदर्शन मंगलवार को भी जारी रहा। टंट्या भील चौराहे पर सोमवार शाम करीब 5 बजे शुरू हुआ प्रदर्शन रातभर चला और युवा मंगलवार को तेज धूप में भी धरने पर बैठे रहे। युवाओं न
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प्रदर्शन से पहले सोशल मीडिया के जरिए युवाओं से जुटने की अपील की जा रही थी। सोमवार शाम बड़ी संख्या में युवा टंट्या भील चौराहे पर पहुंचे। प्रदर्शन में युवाओं के हाथों में संविधान और महात्मा गांधी की तस्वीरें थीं। इसके अलावा अलग-अलग संदेश लिखी तख्तियां भी दिखाई दीं।
तख्तियों पर लिखे अलग-अलग संदेश
प्रदर्शन में युवाओं ने अपने अंदाज में नारे और संदेश लिखी तख्तियां लेकर विरोध जताया। एक तख्ती पर लिखा था- ‘ग्यानू, पैक योर बैग्स ब्रो’। दूसरी तख्ती पर लिखा था- ‘तू क्या, तेरा बाप भी इस्तीफा देगा’।
युवाओं का कहना है कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े सवालों को लेकर वे अपनी आवाज उठा रहे हैं। उनका कहना है कि देश के अन्य हिस्सों में भी हाल के दिनों में इसी मुद्दे को लेकर प्रदर्शन हुए हैं।
धरने में गाना भी गाया
धरने के दौरान युवाओं ने नारेबाजी के साथ गीत भी गाया। प्रदर्शन स्थल पर गाए गए गीत में ज्ञानेश कुमार को संबोधित करते हुए कहा गया- ‘तू मेरा ग्यानू है, तू मेरा दिलबर है... मेरी वोट चोरी का तू हीरो, लेकिन वोट चोरी के पन्ने पर अपनी तकदीर तो जीरो हो।’
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यह गीत नरेंद्र मोदी ने ज्ञानेश कुमार को सुनाया है।
मांग पूरी होने तक आंदोलन का दावा
प्रदर्शनकारी योगित गुप्ता ने कहा कि उन्हें युवाओं का समर्थन मिल रहा है और अनिश्चितकालीन प्रदर्शन की शुरुआत हो चुकी है। यह केवल एक दिन का प्रदर्शन नहीं है। ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रखा जाएगा।
उन्होंने कहा कि पहले भी युवाओं ने अलग-अलग मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किए हैं और इस बार भी वे अपनी मांग को लेकर पीछे हटने वाले नहीं हैं।
भूख हड़ताल की तैयारी का दावा
प्रदर्शन में शामिल सेजल पटेल ने कहा कि युवा 5 अक्टूबर से यहां बैठे हुए हैं। उन्होंने आने वाले दिनों में भूख हड़ताल शुरू करने की बात भी कही।
सेजल ने आरोप लगाया, “जनता से सरकार चुनने का अधिकार छीना जा रहा है। 13 करोड़ लोगों के नाम वोटर लिस्ट से काट दिए गए।” उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारियों से अब तक प्रशासन की ओर से कोई मिलने नहीं आया है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रशासन ने प्रदर्शन स्थल पर टेंट लगाने की अनुमति नहीं दी और युवाओं को रोकने की कोशिश की जा रही है।

रात में प्रदर्शन स्थल पर मौजूद युवा।
राहुल गांधी के कार्यक्रम में शामिल रवि वास्कले पहुंचे
प्रदर्शन को समर्थन देने के लिए रवि वास्कले भी टंट्या भील चौराहे पहुंचे। वास्कले इससे पहले राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में मुलाकात कर चुके हैं।
उन्होंने कहा कि युवा अपने हक के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं। उन्होंने दावा किया कि वोटर लिस्ट और ‘वोट चोरी’ के मुद्दे को लेकर लगातार शिकायतें की गईं, लेकिन उन पर ध्यान नहीं दिया गया।
वास्कले ने कहा, “10 महीने में 14 बार शिकायत के बाद भी ज्ञानेश कुमार ने ध्यान नहीं दिया। ज्ञानेश कुमार कठपुतली के हिसाब से चल रहे हैं। सभी जिम्मेदार लोगों का इस्तीफा होना चाहिए।”
रातभर चौराहे पर डटे रहे युवा
सोमवार शाम 5 बजे शुरू हुआ प्रदर्शन रातभर चला। प्रदर्शनकारी टंट्या भील प्रतिमा स्थल पर ही डटे रहे। मंगलवार दोपहर तेज धूप के बावजूद युवाओं ने धरना खत्म नहीं किया।
युवाओं का कहना है कि वे अनिश्चितकालीन प्रदर्शन के लिए मानसिक रूप से तैयार होकर आए हैं। आने वाले दिनों में आंदोलन को और विस्तार देने और भूख हड़ताल जैसे कदम उठाने की भी तैयारी की जा रही है।