बांग्लादेश एयरफोर्स का एक विमान मस्कट और कराची होते हुए इंदौर एयरपोर्ट पहुंचा, जहां वह 14 घंटे 36 मिनट तक रुका रहा। री-फ्यूलिंग और अन्य औपचारिकताएं पूरी करने के बाद विमान वाराणसी के लिए रवाना हुआ और वहां से ढाका गया।

Indore Airport

14 घंटे 36 मिनट रुका बांग्लादेश एयरफोर्स का विमान

  • Published: 01 Aug 2026, 10:32 AM IST
  • Last Updated: 01 Aug 2026, 10:32 AM IST

इंदौर: देवी अहिल्याबाई होलकर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर बांग्लादेश एयरफोर्स का एक विमान करीब 14 घंटे 36 मिनट तक रुका रहा। विदेशी सैन्य विमान का इतने लंबे समय तक एयरपोर्ट पर ठहरना चर्चा का विषय बन गया। हालांकि एयरपोर्ट अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि विमान की लैंडिंग, हॉल्ट और आगे की उड़ान पूरी तरह भारत सरकार की मंजूरी और निर्धारित प्रक्रिया के तहत हुई।

जानकारी के अनुसार, बांग्लादेश एयरफोर्स का यह विमान 28 जुलाई की शाम 5:24 बजे मस्कट से उड़ान भरकर कराची होते हुए इंदौर पहुंचा था। इसके बाद विमान ने पूरी रात इंदौर एयरपोर्ट पर बिताई और 29 जुलाई की सुबह करीब 8 बजे वाराणसी के लिए उड़ान भरी। वाराणसी से विमान को अपने अंतिम गंतव्य ढाका पहुंचना था।

यात्रा का उद्देश्य क्या था
विमान के इंदौर पहुंचते ही एयरपोर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गईं। हालांकि विमान में क्रू मेंबर के अलावा कौन-कौन लोग सवार थे और उनकी यात्रा का उद्देश्य क्या था, इसे लेकर एयरपोर्ट प्रबंधन ने कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की। अधिकारियों ने इस संबंध में टिप्पणी करने से भी परहेज किया।

फ्लाइट रिकॉर्ड के अनुसार, विमान के लंबे हॉल्ट के दौरान री-फ्यूलिंग (ईंधन भरने) और ग्राउंड हैंडलिंग से जुड़ी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी की गईं। इसके बाद सभी औपचारिकताएं पूरी होने पर विमान को वाराणसी के लिए रवाना किया गया। अधिकारियों का कहना है कि विदेशी सैन्य विमानों के संचालन में सामान्य नागरिक उड़ानों की तुलना में अतिरिक्त सुरक्षा और प्रशासनिक प्रक्रियाओं का पालन किया जाता है।

इंदौर में उतरना  धिकृत प्रक्रिया का हिस्सा
एयरपोर्ट अधिकारियों ने बताया कि किसी भी विदेशी विमान, विशेषकर सैन्य विमान, को भारत के किसी भी एयरपोर्ट पर उतरने की अनुमति भारत सरकार, नागरिक उड्डयन मंत्रालय और संबंधित सुरक्षा एजेंसियों की स्वीकृति के बाद ही दी जाती है। लैंडिंग, पार्किंग, री-फ्यूलिंग और आगे की उड़ान से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं तय नियमों के अनुसार पूरी की जाती हैं। ऐसे में बांग्लादेश एयरफोर्स के इस विमान का इंदौर में उतरना भी पूरी तरह अधिकृत प्रक्रिया का हिस्सा था।

कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई
हालांकि विमान के 14 घंटे से अधिक समय तक एयरपोर्ट पर रुकने को लेकर लोगों के बीच कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कई लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि यदि केवल ईंधन भरना और तकनीकी प्रक्रियाएं पूरी करनी थीं, तो विमान को इतनी लंबी अवधि तक क्यों रोका गया। हालांकि इस संबंध में किसी भी सरकारी एजेंसी या एयरपोर्ट प्रबंधन ने कोई अतिरिक्त जानकारी जारी नहीं की है।

फिलहाल एयरपोर्ट प्रशासन का कहना है कि उनकी भूमिका केवल निर्धारित नियमों के तहत विमान को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने तक सीमित थी। विमान की यात्रा, प्रतिनिधिमंडल या मिशन से जुड़ी जानकारी संबंधित केंद्रीय एजेंसियां ही साझा कर सकती हैं।