Aug 24, 2026 03:27 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान

राहुल गांधी ने महिलाओं से पितृसत्तात्मक सोच के खिलाफ आवाज उठाने और 'बी लाउड, बी प्राउड' का मंत्र अपनाते हुए समाज में अपना हक हासिल करने की अपील की।
महाराष्ट्र के पुणे में आयोजित 'छात्रों की गूंज' संवाद कार्यक्रम के दौरान लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर काफी सुर्खियां बटोर रहा है। मंच पर छात्रों के साथ फोटो और सेल्फी खिंचवाने के दौरान एक युवा छात्रा ने अचानक राहुल गांधी के गाल पर किस कर दिया। इसके बाद राहुल गांधी ने मुस्कुराते हुए छात्रा से कुछ देर बातचीत की और अपने सुरक्षाकर्मियों के साथ आगे बढ़ गए।
'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम की मुख्य बातें
पुणे के SSPMS मैदान में आयोजित इस संवाद कार्यक्रम का मुख्य ध्यान छात्राओं, महिला सुरक्षा, समानता और शिक्षा पर केंद्रित था।
राहुल गांधी ने महिलाओं से पितृसत्तात्मक सोच के खिलाफ आवाज उठाने और 'बी लाउड, बी प्राउड' का मंत्र अपनाते हुए समाज में अपना हक हासिल करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को किसी के अधीन या किसी की संपत्ति मानने वाली मानसिकता को खत्म करना जरूरी है; महिला की पहचान खुद उसकी अपनी होती है।
मचा राजनीतिक घमासान
इस आयोजन के बाद कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच तीखी जुबानी जंग छिड़ गई है।
महाराष्ट्र भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष केशव उपाध्याय ने इस कार्यक्रम को "राजनीतिक ड्रामा" करार देते हुए कहा कि राहुल गांधी ने छात्रों के वास्तविक मुद्दों पर बात करने के बजाय सिर्फ लफ्फाजी की। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भीड़ जुटाने के लिए कॉलेज की बसों से लोगों को लाया गया था।
कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव सचिन सावंत ने पलटवार करते हुए कहा कि कार्यक्रम को मिले अभूतपूर्व जनसमर्थन और उत्साह से सत्ताधारी गठबंधन घबरा गया है। उन्होंने कहा कि राज्य प्रशासन द्वारा लगाई गई तमाम पाबंदियों के बावजूद युवाओं की भागीदारी ऐतिहासिक रही।
नागपुर में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की Gen Z के साथ हुई बातचीत पर निशाना साधते हुए सावंत ने कहा कि महाराष्ट्र में भाजपा के नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ गठबंधन ने युवाओं के लिए संभावनाओं को व्यवस्थित रूप से कमजोर किया है।
कांग्रेस नेता ने कहा, "शायद मुख्यमंत्री उन्हें मनुस्मृति के महत्व के बारे में बताएंगे, कि पितृसत्तात्मक व्यवस्था अच्छी है, और यह कि आरएसएस और वीएचपी तय करेंगे कि महिलाओं को क्या पहनना चाहिए, क्या कहना चाहिए और कैसा व्यवहार करना चाहिए।" उन्होंने आगे कहा कि केवल युवा आइकन होने का दावा करने से ही कोई युवा आइकन नहीं बन जाता।