
राजनाथ सिंह का भी बदला है मंत्रालय
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने 25 जुलाई 2026 को अपने पद से इस्तीफा दे दिया. NEET-UG 2026 परीक्षा में अनियमितताओं को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच यह फैसला लिया गया. धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया पर एक पत्र साझा करते हुए इस्तीफे की जानकारी दी. धर्मेंद्र प्रधान के बाद शिक्षा मंत्रालय का जिम्मा प्रह्लाद जोशी को सौंपा गया है. मोदी कैबिनेट में मीटू कैंपेन के चलते एमजे अकबर के इस्तीफे के बाद यह किसी विरोध के बाद का बड़ा इस्तीफा है. इस्तीफे के इतर इस सरकार में कुछ मंत्रालय ऐसे रहे हैं जो हमेशा काटों की सेज पर रहे माने उनमें मंत्रियों के खूब तबादले हुए हैं. उनमें शिक्षा मंत्रालय भी शामिल है. सूचना प्रसारण मंत्रालय 7 मंत्रियों के फेरबदल के साथ इस फेहरिस्त में सबसे ऊपर है. आइए इस खबर में आपको डिटेल में बताते हैं कि बीते 12 सालों में केंद्र सरकार में सबसे ज्यादा मंत्री बदलने वाला मंत्रालय कौन सा रहा है और वह मंत्रालय कौन है जहां सबसे कम बदलाव हुआ है.
सबसे ज्यादा बदलाव वाले मंत्रालय
1. सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय (MIB)
मोदी सरकार में सबसे ज्यादा उलटफेर सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय में देखा गया है. 2014 से अब तक सात बार यह मंत्रालय अलग-अलग मंत्रियों के पास रहा है. शुरुआत में 2014 के कुछ महीनों के लिए प्रकाश जावड़ेकर इस मंत्रालय से जुड़े रहे, उसके बाद अरुण जेटली ने 2014 से 2016 तक यह जिम्मेदारी संभाली. 2016 से 2017 तक एम. वेंकैया नायडू, फिर 2017 से 2018 तक स्मृति ईरानी और 2018 से 2019 तक राज्यवर्धन सिंह राठौर इस पद पर रहे. साल 2019 में प्रकाश जावड़ेकर दूसरी बार इस मंत्रालय में लौटे और 2021 तक बने रहे. इसके बाद अनुराग ठाकुर ने 2021 से 2024 तक यह मंत्रालय संभाला और अभी जून 2024 से अश्विनी वैष्णव इस पद पर हैं.
| मंत्री | कार्यकाल |
| प्रकाश जावड़ेकर |
2014 (शुरुआती कुछ महीने) |
| अरुण जेटली | 2014-2016 |
| एम. वेंकैया नायडू | 2016-2017 |
| स्मृति ईरानी | 2017-2018 |
| राज्यवर्धन सिंह राठौर | 2018-2019 |
| प्रकाश जावड़ेकर | 2019-2021 |
| अनुराग ठाकुर | 2021-2024 |
| अश्विनी वैष्णव |
जून 2024 से अब तक |
2. खेल मंत्रालय
MIB की तरह खेल मंत्रालय में भी बदलाव की रफ्तार सबसे तेज रही है. 2014 से अब तक सात बार अलग-अलग नेताओं को यह जिम्मेदारी मिली है.
| मंत्री | कार्यकाल |
| सरबानंद सोनोवाल |
26 मई 2014- 23 मई 2016 |
| जितेंद्र सिंह |
23 मई 2016 – 5 जुलाई 2016 |
| विजय गोयल |
5 जुलाई 2016 – 3 सितंबर 2017 |
| राज्यवर्धन एस. राठौर |
3 सितंबर 2017 – 30 मई 2019 |
| किरण रिजिजू |
31 मई 2019 – 7 जुलाई 2021 |
| अनुराग सिंह ठाकुर |
7 जुलाई 2021 – 11 जून 2024 |
| मनसुख मांडविया |
11 जून 2024 से अब तक |
3. शिक्षा मंत्रालय
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के साथ ही शिक्षा मंत्रालय भी उन मंत्रालयों की सूची में शामिल हो गया है जहां बार-बार बदलाव देखा गया है. उनके इस्तीफे के बाद केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को इस मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. 2014 से अब तक इस मंत्रालय की कमान चार मंत्रियों के पास रही है. जोशी को लेकर पांच मंत्री हो गए हैं.
| मंत्री | कार्यकाल |
| स्मृति ईरानी |
26 मई 2014 – 5 जुलाई 2016 |
| प्रकाश जावड़ेकर |
5 जुलाई 2016 – 30 मई 2019 |
| रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ |
30 मई 2019 – 7 जुलाई 2021 |
| धर्मेंद्र प्रधान |
7 जुलाई 2021 – 25 जुलाई 2026 |
| प्रह्लाद जोशी (अतिरिक्त प्रभार) |
वर्तमान |
4. स्वास्थ्य मंत्रालय
स्वास्थ्य मंत्रालय में चेहरे कम बदले लेकिन आना-जाना ज्यादा रहा. डॉ. हर्षवर्धन 26 मई 2014 से 9 नवंबर 2014 तक पहली बार इस मंत्रालय के प्रभारी रहे, उसके बाद जगत प्रकाश नड्डा ने 9 नवंबर 2014 से 30 मई 2019 तक यह जिम्मेदारी संभाली. 30 मई 2019 को डॉ. हर्षवर्धन दूसरी बार इस पद पर लौटे और 7 जुलाई 2021 तक बने रहे. इसके बाद मनसुख मांडविया ने 7 जुलाई 2021 से 10 जून 2024 तक स्वास्थ्य मंत्रालय संभाला, और 10 जून 2024 से जगत प्रकाश नड्डा दूसरी बार इस पद पर हैं. यानी 2014 से अब तक तीन नेताओं के बीच यह मंत्रालय पांच बार बदला है.
| मंत्री | कार्यकाल |
| डॉ. हर्षवर्धन |
26 मई 2014 – 9 नवंबर 2014 |
| जगत प्रकाश नड्डा |
9 नवंबर 2014 – 30 मई 2019 |
| डॉ. हर्षवर्धन |
30 मई 2019 – 7 जुलाई 2021 |
| मनसुख मांडविया |
7 जुलाई 2021 – 10 जून 2024 |
| जगत प्रकाश नड्डा |
10 जून 2024 से अब तक |
5. कृषि मंत्रालय
कृषि मंत्रालय में भी 2014 से अब तक चार नेताओं को जिम्मेदारी मिल चुकी है, जिनमें एक कार्यकाल अतिरिक्त प्रभार के तौर पर रहा.
| मंत्री | कार्यकाल |
| राधा मोहन सिंह |
27 मई 2014 – 30 मई 2019 |
| नरेंद्र सिंह तोमर |
30 मई 2019 – 7 दिसंबर 2023 |
| अर्जुन मुंडा (अतिरिक्त प्रभार) |
7 दिसंबर 2023 – 9 जून 2024 |
| शिवराज सिंह चौहान |
10 जून 2024 से अब तक |
सबसे कम बदलाव वाले मंत्रालय
1. सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय में 2014 के बाद से अभी तक कोई बदलाव नहीं हुआ है. जब नरेंद्र मोदी पहली बार प्रधानमंत्री बने थे तब उन्होंने इस मंत्रालय का जिम्मा नितिन गडकरी कौ सौंपा था. जो कि अब तक इस मंत्रालय को अपने लगातार तीसरे टर्म में संभाल रहे हैं.
2. PMO और कार्मिक-लोक शिकायत-पेंशन विभाग (DoPT)
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की तरह ही DoPT मंत्रालय में भी कोई बदलाव 2014 के बाद से नहीं हुआ है. प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) और कार्मिक-लोक शिकायत-पेंशन विभाग (DoPT) की जिम्मेदारी डॉ. जितेंद्र सिंह के पास 27 मई 2014 से लगातार बनी हुई है. परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष विभाग भी शुरू से डॉ. जितेंद्र सिंह के पास ही हैं. 2019 में विज्ञान-प्रौद्योगिकी और पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार जरूर जुड़ा, लेकिन मूल विभागों में कोई फेरबदल नहीं हुआ.
3. गृह मंत्रालय
गृह मंत्रालय किसी भी सरकार का सबसे जरूरी और अहम मंत्रालय होता है. मोदी सरकार में इस मंत्रालय में भी ज्यादा बदलाव नहीं हुआ. सिर्फ दो मंत्रियों के जिम्मे यह मंत्रालय रहा है. अभी वर्तमान में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह 26 मई 2014 से 30 मई 2019 तक गृह मंत्री रहे हैं. उसके बाद 31 मई 2019 से अमित शाह इस मंत्रालय को संभाल रहे हैं.
4. विदेश मंत्रालय
विदेश मंत्रालय में भी सिर्फ एक बार बदलाव देखा गया है. सुषमा स्वराज 26 मई 2014 से 30 मई 2019 तक विदेश मंत्री रहीं, उसके बाद 31 मई 2019 से एस. जयशंकर इस मंत्रालय को संभाल रहे हैं.
डेटा क्या कहता है
12 साल के आंकड़ों को जोड़कर देखें तो पैटर्न साफ है. सूचना-प्रसारण और खेल जैसे मंत्रालय हर दो-ढाई साल में नया मंत्री देखते रहे हैं, जबकि गृह, विदेश, सड़क परिवहन और PMO-DoPT जैसे मंत्रालय शुरू से एक ही जिम्मेदार चेहरे के पास टिके रहे. धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा एक बार फिर शिक्षा मंत्रालय को उस सूची में ला खड़ा करता है जहां बदलाव की रफ्तार बाकी मंत्रालयों से ज्यादा रही है.
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देवेश कुमार पांडेय
देवेश कुमार पांडेय TV9 Hindi में बतौर सब-एडिटर काम कर रहे हैं. उत्तर प्रदेश के अमेठी के रहने वाले देवेश को राजनीति के अलावा इतिहास, साहित्य में दिलचस्पी है. साल 2024 में भारतीय जन संचार संस्थान (IIMC) के अमरावती कैंपस से पत्रकारिता की पढ़ाई की है. देवेश को घूमना, लिखना, पढ़ना और पॉडकास्ट सुनना पसंद है.
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