कानपुर में पांडु नदी का पानी बढ़ने से गुरुवार को गोपालपुरम और जरौली फेज-2 के निचले इलाकों में जलभराव हो गया। जलभराव की सूचना मिलते ही प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंच गए। करीब 25 परिवारों के पानी के बीच बाढ़ में फंसे होने की सूचना पर एनडीआरएफ को बुलाय
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पानी बढ़ने पर भौती पनका पुल बंद कराया गया।
400 लोगों के लिए बन रहा खाना
एसडीएम सदर अनुभव सिंह ने बताया कि बाढ़ आश्रय स्थल पर प्रभावितों के लिए कम्युनिटी किचन का संचालन शुरू कर दिया गया है, जहां रोजाना लगभग 400 लोग भोजन कर रहे हैं। प्रशासन पांडु नदी के जलस्तर और प्रभावित इलाकों की स्थिति पर लगातार निगरानी शुरु कर दी है।
राहत किट की व्यवस्था की
देर रात एसडीएम सदर अनुभव सिंह और तहसीलदार सदर विनय द्विवेदी ने पांडु नदी के जलभराव प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने प्रभावित परिवारों और स्थानीय लोगों से बातचीत कर स्थिति की जानकारी ली। प्रभावितों के लिए राहत किट की व्यवस्था भी कराई गई है।

एनडीआरएफ की टीम ने प्रभावित क्षेत्र से लोगों को निकाल कर सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया।
पुल के ऊपर बह रहा था पानी
ग्राम पनका बहादुर नगर में भौती-पनका संपर्क मार्ग के पुल के ऊपर से पांडु नदी का पानी बहने लगा। प्रशासन ने सुरक्षा को देखते हुए पुल पर बैरिकेडिंग कराकर आवागमन पूरी तरह बंद करा दिया। स्थानीय पुलिस को मौके पर सतर्क रहने और पुल से आवागमन प्रतिबंधित रखने के निर्देश दिए गए हैं।
आयोग के सदस्य ने किया निरीक्षण
उत्तर प्रदेश अनुसूचित जाति एवं जनजाति आयोग के सदस्य रमेश चंद्र कुंडे ने भी मायापुरम और रविदासपुरम के जलभराव प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने प्रभावित लोगों से बातचीत कर उनकी समस्याएं जानीं। साथ ही जलभराव वाले इलाकों में रह रहे लोगों को सुरक्षा के दृष्टिगत निकट स्थित बाढ़ आश्रय स्थल श्री विशम्भर नाथ ठाकुर इंटर कॉलेज में पहुंचने के लिए प्रेरित किया।

निरीक्षण करने पहुंचे एसडीएम सदर व अन्य अधिकारी।
ग्राम पिपौरी में पाण्डु नदी का जलस्तर एकाएक बढ़ने तथा ग्राम की आबादी में प्रविष्ट हो जाने से लगभग 60 परिवारों के फंसे होने की जानकारी पर एनडीआरएफ दल से समन्वय स्थापित करते हुए बचाव काम शुरू किया गया। गुरुवार की रात 10 बजे तक यहां से 55 परिवार सुरक्षित बाहर निकाल लिए गए हैं। बाकी परिवारों को भी बाहर निकाला जा रहा है। पास के नाथ गेस्ट हाउस में अस्थायी बाढ़-आश्रय केन्द्र संचालित करा दिया गया है।