जो पड़ोसी देश में हुआ, वो हरकत कहीं यहां पर ना हो जाए; लोकसभा में ओवैसी ने सरकार को चेताया
Jul 28, 2026 11:35 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान
AIMIM चीफ ने लोकसभा में कहा कि आज के नौजवान नौकरी की उम्मीद खो चुके हैं। मौजूदा सरकार सिर्फ दो तरह की नौकरियां दे सकती है। या तो तुम पकौड़ा बनाओ या फिर किसी गौ रक्षा सेना का हिस्सा बन जाओ।

लोकसभा में बोलते असदुद्दीन ओवैसी।
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने मंगलवार को लोकसभा में सरकार पर जमकर निशाना साधा। लोक परीक्षा संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा में भाग लेते हुए उन्होंने केंद्र को आगाह भी किया। ओवैसी ने कहा, 'आप नौजवानों को छोड़कर, उनसे रिश्ता खत्म करके अगर हुकूमत करना चाहते हैं तो सावधान हो जाइए। कहीं आपकी मिस-गवर्नेंस की वजह से खुदा ना खास्ता जो पड़ोसी देश में हुआ, वो हरकत यहां पर ना हो जाए। उस आफत की दावत आप दे रहे हैं।'
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि 2024 में भी नीट का पेपर लीक हुआ। इसे लेकर हाई लेवल कमेटी बनाई गई मगर पता नहीं कि उनकी रिपोर्ट अब वो कहां गई। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि बिल में एक चीज की कमी है। मैं सरकार से गुजारिश करूंगा कि जब कभी पेपर लीक हो, नौजवानों पर लाठीचार्ज होगा। यह बात विधेयक में लिखना चाहिए। बिल में यह भी होना चाहिए कि प्रधानमंत्री अपना सेल्फी वीडियो अपलोड करेंगे।
नौजवान नौकरी की उम्मीद खो चुके: ओवैसी
AIMIM चीफ ने कहा कि आज के नौजवान नौकरी की उम्मीद खो चुके हैं। मौजूदा सरकार सिर्फ दो तरह की नौकरियां दे सकती है। या तो तुम पकौड़ा बनाओ या फिर किसी गौ रक्षा सेना का हिस्सा बन जाओ। उन्होंने कहा, 'मैं उन नौजवानों के खड़ा हूं जिनकी जिंदगियां पेपर लीक के चलते बर्बाद हो गई हैं। मैं सरकार से पूछना चाहता हूं कि क्या कानून बदलने से, सेल्फी वीडियो बनाने से, इस्तीफा लेने से या स्पेशल टास्क फोर्स बनाने से आत्महत्या करने वाले छात्र की जिंदगी वापस आ जाएगी।'
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि नया कानून लाकर सरकार नौजवानों को यह पैगाम दे रही है कि तुम रोड पर निकलकर आओ, हम डरेंगे। लोग अगर प्रोटेस्ट में विश्वास करेंगे तो पार्लियामेंट में नहीं करेंगे। इससे पहले, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर प्रतिक्रिया देते हुए ओवैसी ने इसे न्याय की जीत बताया था। उन्होंने कहा कि यह उन तमाम युवाओं की जीत है जो न्याय और संविधान के दायरे में भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठा रहे थे।
ओवैसी शनिवार को मुरादाबाद के जामा मस्जिद पार्क में आयोजित जनसभा को संबोधित करने से पहले पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री का त्यागपत्र देश के युवाओं के संघर्ष और जद्दोजहद की बड़ी कामयाबी है। उन्होंने कहा, 'यह कामयाबी हक की झूठ पर विजय है। यह उन तमाम नौजवानों की कुर्बानी और मेहनत की जीत है। मैं उन्हें मुबारकबाद देता हूं।' एक सवाल पर ओवैसी ने कहा, 'अगर नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार समझती है कि वह कुछ भी कर सकती है, तो इस आंदोलन ने साफ संदेश दे दिया है कि अब तानाशाही नहीं चलेगी। लोकतंत्र चलाना है तो संविधान के दायरे में रहकर चलना होगा।'
