कांग्रेस नेताओं ने अपनी ही पार्टी के खिलाफ खोला मोर्चा, दिल्ली में धरना; राहुल नहीं दे रहे मिलने का समय
Aug 29, 2026 01:18 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली।

2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा और पार्टी महज 6 सीटों पर सिमट कर रह गई, जबकि 2020 के चुनाव में उसे 19 सीटें मिली थीं। यहां तक कि प्रदेश अध्यक्ष राजेश कुमार खुद अपनी सीट हार गए।

बिहार कांग्रेस के नेताओं ने कई बार राहुल गांधी से मिलने का समय मांगा है।
बिहार विधानसभा चुनाव में करारी हार और पार्टी नेतृत्व द्वारा अनसुनी किए जाने से नाराज बिहार कांग्रेस के नेताओं ने अपनी ही पार्टी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने का फैसला किया है। आगामी 8 सितंबर को बिहार से बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता दिल्ली स्थित पार्टी के राष्ट्रीय मुख्यालय 'इंदिरा भवन' के बाहर शांतिपूर्ण धरना एवं प्रदर्शन करेंगे। नाराज नेताओं का मुख्य निशाना बिहार कांग्रेस के प्रभारी कृष्णा अल्लावरू और प्रदेश अध्यक्ष राजेश कुमार राम हैं। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि चुनाव में पार्टी के बेहद खराब प्रदर्शन के जिम्मेदार यही पदाधिकारी हैं।
गौरतलब है कि 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा और पार्टी महज 6 सीटों पर सिमट कर रह गई, जबकि 2020 के चुनाव में उसे 19 सीटें मिली थीं। यहां तक कि प्रदेश अध्यक्ष राजेश कुमार खुद अपनी सीट हार गए।
राहुल गांधी से मुलाकात न होने पर रोष
कांग्रेस पार्टी के सदस्य और वरिष्ठ नेता आनंद माधव ने बताया कि बिहार के नेता लंबे समय से नेतृत्व से संवाद साधने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "हम नवंबर 2025 से लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से मिलने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन हमें समय नहीं दिया जा रहा है। 3 नवंबर 2025 को हमने मल्लिकार्जुन खरगे, केसी वेणुगोपाल और अशोक गहलोत से मुलाकात की थी। उन्होंने हमारी मांगों पर ध्यान देने का वादा किया था, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। मजबूरन हमें धरना देने का फैसला करना पड़ा।"
वरिष्ठ नेताओं का समर्थन
इस प्रदर्शन में बिहार के कई प्रमुख चेहरे शामिल होने जा रहे हैं, जिनमें बिहार इकाई के पूर्व उपाध्यक्ष जमाल अहमद और राजकुमार राजन, AICC सदस्य नागेंद्र पासवान, पूर्व विधायक छत्रपति यादव, पूर्व सचिव बी. अख्तर और पूर्व विधायक अनिल कुमार सिंह शामिल हैं। वहीं, वरिष्ठ नेता किशोर कुमार झा ने भी प्रदर्शनकारियों का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि ये सभी समर्पित कार्यकर्ता हैं और हाईकमान को इनकी शिकायतों पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने यह भी उम्मीद जताई कि बेहतर होगा अगर इस समस्या का समाधान आपसी बातचीत के जरिए निकाल लिया जाए।