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रूस की नई रिएक्टर प्रणाली एक साथ पैदा करेगी स्वच्छ पानी, बिजली और हाइड्रोजन
रूस की नई रिएक्टर प्रणाली एक साथ पैदा करेगी स्वच्छ पानी, बिजली और हाइड्रोजन
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सेंट पीटर्सबर्ग पॉलिटेक्निक यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने ऐसी नई प्रणाली विकसित की है, जो कम लागत पर एक साथ मीठे पानी, बिजली और पर्यावरण-अनुकूल ईंधन हाइड्रोजन... 29.08.2026, Sputnik भारत
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मॉड्यूलर प्रणाली सूर्य के प्रकाश या हवा पर निर्भर हुए बिना संचालन के लिए सुपरक्रिटिकल CO₂ का उपयोग करती है।शोधकर्ताओं के अनुसार, यह प्रणाली हर क्षेत्र में हरित हाइड्रोजन के बड़े पैमाने पर उत्पादन का रास्ता खोल सकती है।
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रूस की नई रिएक्टर प्रणाली एक साथ पैदा करेगी स्वच्छ पानी, बिजली और हाइड्रोजन
12:21 29.08.2026 (अपडेटेड: 19:26 29.08.2026)
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सेंट पीटर्सबर्ग पॉलिटेक्निक यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने ऐसी नई प्रणाली विकसित की है, जो कम लागत पर एक साथ मीठे पानी, बिजली और पर्यावरण-अनुकूल ईंधन हाइड्रोजन का उत्पादन कर सकती है। अध्ययन के परिणाम Progress in Energy जर्नल में प्रकाशित हुए हैं।
मॉड्यूलर प्रणाली सूर्य के प्रकाश या हवा पर निर्भर हुए बिना संचालन के लिए सुपरक्रिटिकल CO₂ का उपयोग करती है।
यह स्वायत्त रूप से काम करती है और मौसम की स्थिति से प्रभावित नहीं होती।
समुद्री जल को मीठे पानी में बदल सकती है, जिससे हाइड्रोजन उत्पादन के लिए आवश्यक पानी की कमी की समस्या का समाधान हो सकता है।
हाइड्रोजन उत्पादन की अनुमानित लागत 2.93 डॉलर प्रति किलोग्राम है, जो मौजूदा बाजार कीमत (6 डॉलर प्रति किलोग्राम) की करीब आधी है।
कॉम्पैक्ट डिज़ाइन के कारण कम जगह की आवश्यकता होती है और ऊर्जा की कीमतों में स्थिरता व पूर्वानुमेयता बनी रहती है।
शोधकर्ताओं के अनुसार, यह प्रणाली हर क्षेत्र में हरित हाइड्रोजन के बड़े पैमाने पर उत्पादन का रास्ता खोल सकती है।

3 अगस्त , 14:47