Time Updated: Friday, July 31, 2026, 16:34 [IST]

Spain Morocco Border News: मोरक्को से स्पेन के उत्तरी अफ्रीकी एन्क्लेव स्यूटा में पिछले एक सप्ताह के दौरान बड़ी संख्या में प्रवासियों के पहुंचने से यूरोप की सीमा पर नया संकट खड़ा हो गया है। समुद्र के रास्ते और सीमा पर लगी बाड़ पार कर लोग स्यूटा में दाखिल हो रहे हैं, जिससे स्थानीय प्रशासन के संसाधनों पर भारी दबाव पड़ गया है।

स्पेन इसे मानव तस्करी नेटवर्क की रणनीति मान रहा है, जबकि इटली ने इस घटनाक्रम को यूरोप की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बताते हुए स्पेन को शेंगेन क्षेत्र से निलंबित करने की मांग तक कर दी है। आखिर यह संकट क्यों बढ़ा और इसके क्या मायने हैं?

Spain Morocco Border News

स्यूटा क्यों बना यूरोप पहुंचने का सबसे अहम रास्ता?

स्यूटा स्पेन का उत्तरी अफ्रीका में स्थित एक छोटा एन्क्लेव है, जिसकी सीमा सीधे मोरक्को से लगती है। यह यूरोपीय संघ और अफ्रीका के बीच एकमात्र स्थलीय सीमा वाले क्षेत्रों में शामिल है। इसी कारण अफ्रीका और मध्य पूर्व से आने वाले हजारों प्रवासी बेहतर जीवन और रोजगार की तलाश में यहां पहुंचने की कोशिश करते हैं। समुद्र पार कर या सीमा बाड़ लांघकर यूरोप में प्रवेश का यह सबसे आसान लेकिन बेहद जोखिम भरा मार्ग माना जाता है।

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अचानक इतनी बड़ी संख्या में प्रवासी क्यों पहुंचने लगे?

स्पेन सरकार का मानना है कि हालिया अदालत के फैसले के बाद मानव तस्करी गिरोह सक्रिय हो गए हैं। अदालत ने कहा था कि समुद्र के रास्ते स्यूटा या मेलिला पहुंचने वाले प्रवासियों को बिना कानूनी प्रक्रिया के तुरंत मोरक्को वापस नहीं भेजा जा सकता। इसके बाद तस्करों ने लोगों को यह भरोसा दिलाना शुरू किया कि यदि वे स्यूटा पहुंच गए तो उन्हें तुरंत वापस नहीं भेजा जाएगा। इससे बड़ी संख्या में लोग इस रास्ते का इस्तेमाल करने लगे।

स्पेन के सामने मानवीय और सुरक्षा संकट कितना बड़ा है?

स्यूटा प्रशासन का कहना है कि स्थानीय संसाधन अपनी सीमा से कहीं अधिक दबाव झेल रहे हैं। बिना अभिभावक वाले नाबालिगों के लिए बनाए गए केंद्र क्षमता से कई गुना ज्यादा लोगों को संभाल रहे हैं। हाल के महीनों में समुद्र से दर्जनों शव भी बरामद किए गए हैं, जो इस खतरनाक यात्रा की गंभीरता को दर्शाते हैं। प्रशासन को भोजन, आवास, स्वास्थ्य सेवाएं और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने में लगातार कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

इस संकट पर यूरोप और पड़ोसी देशों की प्रतिक्रिया क्या है?

स्पेन और मोरक्को ने संयुक्त रूप से अवैध प्रवासन रोकने के लिए सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई है। दूसरी ओर इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी ने इस घटनाक्रम को यूरोप की सीमा सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बताया है। उन्होंने स्पेन को शेंगेन क्षेत्र से अस्थायी रूप से निलंबित करने की मांग करते हुए कहा कि अनियंत्रित अवैध प्रवासन पूरे यूरोप की सुरक्षा को प्रभावित कर सकता है। इससे यूरोपीय संघ के भीतर नई राजनीतिक बहस भी शुरू हो गई है।

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क्या 2021 जैसा बड़ा सीमा संकट दोबारा लौट सकता है?

मई 2021 में कुछ ही दिनों में करीब 8,000 प्रवासी स्यूटा पहुंच गए थे, जिससे स्पेन और मोरक्को के रिश्तों में तनाव आ गया था। मौजूदा हालात की तुलना उसी संकट से की जा रही है। यदि प्रवासियों की संख्या इसी तरह बढ़ती रही तो यूरोप को फिर मानवीय, राजनीतिक और सुरक्षा चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए स्पेन सीमा सुरक्षा मजबूत करने के साथ-साथ मोरक्को के सहयोग से इस प्रवासन संकट को नियंत्रित करने की कोशिश कर रहा है।