Upcoming SUVs: मारुति सुजुकी अपने SUV पोर्टफोलियो को और मजबूत करने के लिए अगले पांच सालों में भारतीय बाजार में 7 नई SUV लॉन्च कर सकती है।
मारुति की 7 नई कारें, मैन्युफैक्चरिंग केपेसिटी बढ़ेगी
- Published: 10 Aug 2026, 09:15 PM IST
- Last Updated: 10 Aug 2026, 09:15 PM IST
Upcoming SUVs: भारत की प्रमुख कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी आने वाले वर्षों में अपने SUV पोर्टफोलियो को तेजी से विस्तार देने की तैयारी कर रही है। कंपनी की एनुअल इंटीग्रेडेट रिपोर्ट 2025-26 के मुताबिक, मारुति सुजुकी अगले पांच वर्षों में भारतीय बाजार में 7 नई SUV पेश करने की योजना बना रही है। इसके साथ ही कंपनी वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान करीब 5 लाख यूनिट की अतिरिक्त मैन्युफैक्चरिंग क्षमता जोड़ने की दिशा में काम कर रही है। इससे आने वाले वर्षों में भारतीय ग्राहकों को कंपनी की ओर से कई नए मॉडल देखने को मिल सकते हैं।
2030-31 तक 63 लाख यूनिट तक पहुंच सकता है कार बाजार
मारुति सुजुकी के चेयरमैन आरसी भार्गव के मुताबिक, वित्त वर्ष 2030-31 तक भारत का पैसेंजर व्हीकल बाजार बढ़कर 61 लाख से 63 लाख यूनिट तक पहुंच सकता है। इस संभावित ग्रोथ को ध्यान में रखते हुए कंपनी SUV सेगमेंट को मजबूत करने के साथ-साथ छोटी कारों, मल्टी-पावरट्रेन और स्वच्छ ईंधन पर भी फोकस कर रही है।
कंपनी पेट्रोल, CNG, हाइब्रिड और इलेक्ट्रिक पावरट्रेन के साथ अपने मॉडल पोर्टफोलियो को आगे बढ़ाने की रणनीति पर काम कर रही है।
5 साल में 7 नई SUV लाने की तैयारी
मारुति सुजुकी के एमडी और सीईओ हिसाशी ताकेउची के अनुसार, भारतीय ग्राहकों की पसंद तेजी से बदल रही है। इसी बदलती मांग को पूरा करने के लिए कंपनी अपने SUV पोर्टफोलियो का विस्तार कर रही है।
वित्त वर्ष 2025-26 में मारुति सुजुकी ने 24.22 लाख वाहनों की रिकॉर्ड बिक्री दर्ज की। इसमें 4.47 लाख वाहनों का रिकॉर्ड एक्सपोर्ट भी शामिल रहा। कंपनी लगातार तीसरे साल 20 लाख से ज्यादा वाहन बेचने में सफल रही है।
मारुति का मानना है कि आने वाले पांच वर्षों में भारतीय बाजार में छोटी कारों की मांग भी दोबारा मजबूत हो सकती है। ऐसे में कंपनी SUV के साथ छोटे वाहनों के सेगमेंट पर भी फोकस बनाए रखेगी।
5 लाख यूनिट की नई मैन्युफैक्चरिंग क्षमता
बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए कंपनी वित्त वर्ष 2026-27 में करीब 5 लाख यूनिट की नई मैन्युफैक्चरिंग क्षमता जोड़ने की योजना पर काम कर रही है। इससे कंपनी को घरेलू बाजार के साथ-साथ एक्सपोर्ट की बढ़ती मांग को पूरा करने में मदद मिल सकती है।
नई उत्पादन क्षमता बढ़ने से कंपनी के प्लांट्स और सप्लायर नेटवर्क में रोजगार के नए अवसर पैदा होने की भी उम्मीद है।
बायोगैस पर ₹561 करोड़ का निवेश
वाहनों के उत्पादन और बिक्री बढ़ाने के साथ-साथ मारुति सुजुकी स्वच्छ ईंधन के क्षेत्र में भी निवेश कर रही है। कंपनी के बोर्ड ने पहले चरण में करीब 561 करोड़ रुपये की लागत से चार बायोगैस प्लांट लगाने की योजना बनाई है।
कंपनी के मुताबिक, स्थानीय संसाधनों से बड़े पैमाने पर बायोगैस का उत्पादन किया जा सकता है। भविष्य में इस ईंधन का इस्तेमाल आयातित प्राकृतिक गैस पर निर्भरता कम करने में मदद कर सकता है। शुरुआती परियोजनाओं के अनुभव के आधार पर कंपनी आगे बायोगैस के उत्पादन और वितरण में अतिरिक्त निवेश करने की योजना बना सकती है।
ग्राहकों पर क्या होगा असर?
मारुति सुजुकी की इस रणनीति का सीधा असर भारतीय कार बाजार और ग्राहकों पर देखने को मिल सकता है। अगले पांच वर्षों में 7 नई SUV आने से ग्राहकों को कॉम्पैक्ट, मिड-साइज और प्रीमियम SUV सेगमेंट में ज्यादा विकल्प मिलेंगे। कंपनी नए मॉडलों में बेहतर सुरक्षा, आधुनिक तकनीक और अलग-अलग पावरट्रेन विकल्प देने पर भी जोर दे सकती है।
वहीं, अतिरिक्त मैन्युफैक्चरिंग क्षमता बढ़ने से वाहनों की उपलब्धता बेहतर होने और ऑटोमोबाइल सप्लाई चेन में रोजगार के नए अवसर बनने की उम्मीद है। बायोगैस परियोजनाओं से स्वच्छ और घरेलू ईंधन के विकल्प को बढ़ावा देने की दिशा में भी मदद मिल सकती है।
Maruti Suzuki की बड़ी तैयारी
कुल मिलाकर, मारुति सुजुकी अगले पांच वर्षों में SUV सेगमेंट में अपनी स्थिति मजबूत करने के लिए बड़े विस्तार की तैयारी कर रही है। 7 नई SUV, 5 लाख यूनिट की अतिरिक्त उत्पादन क्षमता और 561 करोड़ रुपये का बायोगैस निवेश कंपनी की लंबी अवधि की रणनीति को दिखाता है। हालांकि, आने वाली SUV के नाम, फीचर्स, कीमत और लॉन्च टाइमलाइन से जुड़ी अंतिम जानकारी कंपनी की आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगी।
(मंजू कुमारी)